PAC Placed + Aspected + Conjoined
Birth Chart
बुध1 सूर्य शुक्र बृहस्पति2 3 4 5 केतु6 7 चन्द्र8 9 10 शनि11 मंगल राहु12
Transit Chart
बुध1 सूर्य शुक्र बृहस्पति2 3 4 5 केतु6 7 चन्द्र8 9 10 शनि11 मंगल राहु12

PAC ( अवस्थित | दृष्टि | युति )
Placed + Aspected + Conjoined


P: ग्रह जिस राशि में अवस्थित होते हैं। यह ग्रह किसी विशेष राशि में स्थित होने से उस राशि के स्वभाव, गुण और भावनाओं को प्रभावित करता है। ज्योतिष में, ये ग्रह नौ होते हैं - सूर्य, चंद्रमा, मंगल, बुध, गुरु, शुक्र, शनि, राहु और केतु।

A: जिस ग्रह से दृष्टि होती है। दृष्टि का अर्थ होता है कि एक ग्रह किसी अन्य ग्रह के साथ संबंध स्थापित करता है।

C: जिस ग्रह के साथ युति होती है। युति का अर्थ होता है कि दो ग्रह एक ही राशि में स्थित होते हैं।

Placed + Aspected + Conjoined
*मित्र शत्रु पंचधा मैत्री के अनुसार

सूर्य चन्द्र मंगल बुध बृहस्पति शुक्र शनि राहु केतु

उदाहरण के लिये शुक्र ग्रह को लेते हैं।

P = ग्रह जिस राशि में अवस्थित होते हैं।

इस कुंडली में शुक्र ग्रह किस राशि में है ?

वृषभ राशि

वृषभ राशि का स्वामी कौन हैं ?

शुक्र ग्रह

शुक्र, शुक्र ग्रह का मित्र, शत्रु , सम या अपनी ही राशि में हैं ?

शुक्र राशि में

C = जिस ग्रह के साथ।

शुक्र जिस भाव में है उस भाव में और कितने ग्रह हैं।

सूर्य, बृहस्पति

ग्रह के साथ सम्बन्ध

शुक्र की सूर्य के साथ, जो की उसका अति शत्रु की है उसके साथ युति हैं। शुक्र की बृहस्पति के साथ, जो की उसका शत्रु की है उसके साथ युति हैं।

A = जिस ग्रह से द्रिष्ट।

किन ग्रहों की मित्र , शत्रु या सम दृष्टि है।

चन्द्र की सातवीं अति शत्रु दृष्टि ।वक्री केतु ग्रह की नौवीं मित्र दृष्टि ।

*

Birth Info Edit
DoB2024-05-25
ToB04:02:36
PoBDelhi, IN
Lat|Lon28.36, 77.12
Transit Info Edit
Date2024-05-25
Time04:02:36
PlaceDelhi, IN
Lat|Lon28.36, 77.12
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